टोंको.रोंको.ठोंको क्रांतिकारी मोर्चा के संयोजक उमेश तिवारी ने एक जारी की गई विज्ञप्ति में सरकार पर साधा निशाना


टोंको.रोंको.ठोंको क्रांतिकारी मोर्चा के संयोजक उमेश तिवारी ने एक जारी की गई विज्ञप्ति में कहा है कि शीत के मौसम में ठण्डे पानी की तेज बौछारए आंसू गैस के गोले बरसाना लाठियां भाँजना और दिल्ली पुलिस के अफसर का गुरुद्वारों को अपने यहां किसी को न आने देने की समझाईश और आने वाले किसानो से हर तरह से निबट लेने का सार्वजनिक बयान सब कुछ एक ही संकेत देता है की मोदी की सरकार ने अपने ही देश के किसानो के साथ युद्द छेड़ दिया है। जिस प्रकार दुश्मन देश की सेना से लड़ते समय अस्थाई अबरोधक किला का एक तरीका सड़क को खोद कर इतना बड़ा गड्डा इतनी चौड़ी खाई बनाना या बड़े बड़े पत्थर अड़ा देना भी होता है कि शत्रु की गाड़ियांए ट्रक्स और टैंक आगे नहीं बढ़ सकें। किसानों को दिल्ली जाने से रोकने के लिए मोदी और खट्टर सरकार ने यही किया सड़कें खुदवा दीं गड्डे भी किये और उनसे निकली मिटटी के ढेर भी लगवा दिए तथा ट्रकों में मिट्टी भरवाकर सड़को को जाम किये। श्री तिवारी ने बताया कि देश के नागरिकों को अपने ही देश की राजधानी जाने से रोका जा रहा है। हरियाणाए पंजाब और उत्तर प्रदेश सहित प्रदेशों की सीमायें सील की गईं हैं। अपने ही देश के प्रदेशों के साथ दुश्मन देश जैसा बर्ताब किया जा रहा है। उद्योगपतियों के गुलाम बहुत हुए हैं मगर इतना वफादार गुलाम कम ही देखा गया है कि अपने ही प्रदेशों के बीच परायेपन की दीवार खड़ी कर दे। लोकतांत्रिक अधिकारों को छीनने के साथ अब भाजपा सरकारें भारत एक देश की अवधारणा पर भी हमलावर हुयी है। मगर किसानो का प्रतिरोध इस तरह के कायराना दमन से नहीं रुकेगा। किसान लड़ाई जारी रहेगी तब तक कि जब तक खेती.किसानी के तीनो विनाशकारी क़ानून वापस नहीं हो जाते।
