लॉकडाउन में कलाकारों को अपनी प्रस्तुति हेतु कोई भी मंच नहीं मिल पा रहा था तब आर्ट ऑन क्लिक के द्वारा एक पहल चलायी गयी जिसमे देश के तमाम कलाकार आर्ट ऑन क्लिक से जुड़कर एक मोबाइल से क्लिक के माध्यम लोगों तक अपनी कला का प्रदर्शन कर सकें लेकिन लॉकडाउन हो जाने के कारण एक दूसरे से मिल पाना काफी मुश्किल था तब आर्ट ऑन क्लिक के द्वारा ऑनलाइन कई महोत्सव का आयोजन किया गया।
जिसमें कला समाज के लिए औषधि है क्रिएटिव क्वारनटाइन, के बाद अब नटखट मित्र और निर्गुण महोत्सव का आयोजन हुआ जिसमें आज आर्ट ऑन क्लिक के फेसबुक पेज पर नटखट मित्रों के उस्ताद अनुराधा खरे ने अपनी बात प्रस्तुत की। उन्होंने बताया की कला हमारे जीवन में क्यों जरूरी है और साथ ही साथ बताया की कला सब कुछ नही है लेकिन बहुत कुछ है और कला हमारे जीवन जीने के नजरिये को बदल देती है। उन्होंने बताया की कला में किसी मृत वस्तु को भी जिवंत करने की क्षमता है और कैसे हम अपने घरों की बेकार चीजों को वापस कला के मध्यम से अपने उपयोग में ला सकते हैं।
वहीं दूसरी तरफ निर्गुण महोत्सव में कबीर गायन टीम ने कबीर के कई मनमोहक और जीवन को सार्थक बनाने बाले दोहों को प्रस्तुत किया जिसे सुन कर दर्शक मंत्रमुग्ध हो गये और दर्शको ने कलाकारों को ख़ूब सराहा।
निर्गुण महोत्सव के समापन अवसर पर मध्यप्रदेश की प्रसिद्ध कबीर गाथा गायन गायिका गीता पराग ने सभी कलाकारों का उत्साह वर्धन किया और दर्शकों का धन्यवाद किया।