मड़वास रेंज अंतर्गत विभिन्न बीट से वन संरक्षण की जगह वन का सफाया हो रहा है। हाल ही में टिकरी वन परिक्षेत्र से करीब 10 हज़ार पेंड़ बांस व करीब 2 दर्जन सरई के पेंड़ चोरी से काटे जाने का मामला प्रकाश में आया है, वहीं टिकरी बीट के अपार्टमेंट 1377 से सैकड़ों कंक्रीट पोल भी चोरी होने की खबरें हैं क्योंकि इन गाड़े के पोलों में सीमेंट की ढलाई नही की गई थी।
ग्रामीणों की मानें तो बांस, सरई के पेंड़ व खंभे सहित जाली की चोरी जिस तरह रहस्मयी तरीके से हुई है उसमें वनकर्मियों की भूमिका पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं।
ग्रामीणों ने बताया कि मड़वास रेंज अंतर्गत पदस्थ अधिकारियों कर्मचारियों की उदासीनता से जंगल का सफाया हो रहा है। टिकरी के पास ही रेस्ट हाउस के पास क़रीब 2 दर्जन सरई के पेंड़ काट लिए गए जिनमें से कुछ पेंड़ छोंड़कर बाकी लाखों की इमारती लकड़ी पर कर दी गयी वहीं घटिया तरीके से बिना ढलाई किये खंभों को भी पार कर दिया गया और जिम्मेवार चैन की नींद सोते रहे।
मिट्टी डंप व मजदूरी का नहीं हुआ भुगतान
ग्रामीणों ने आरोप लगाया है कि जंगल विभाग के कर्मचारी मजदूरों की मजदूरी भुगतान में भी आनाकानी कर रहे हैं। नर्सरी में काम करने वाले सैकड़ों मजदूरों की मजदूरी का भुगतान नहीं हो रहा जिससे मजदूरों के समक्ष भूखों मरने की नौबत आ गयी है। वहीं ट्रैक्टर से मिट्टी डलवाने के बाद अब उसका भी भुगतान करने से मना किया जा रहा है।
सूत्रों की माने तो फर्जी बिल, व्हाउचर के माध्यम से हर साल सरकारी खजाने को लाखों का चूना लगाया जाता है लेकिन वास्तविक मजदूर, मजदूरी तक के लिए लालायित हैं। मड़वास, टिकरी रेंज अंतर्गत फैली अव्यवस्था व जंगल माफियाओं की सक्रियता को रोकने ग्रामीणों ने मीडिया के माध्यम से वरिष्ठ अधिकारियों से कार्यवाही की गुहार लगाई है।
इनका कहना है
यहाँ बहुत अनियमितता है, मुझसे रेंजर के आदेश पर डिप्टी रेंजर द्वारा 40 ट्रॉली मिट्टी नर्सरी में गिरवा ली गयी लेकिन अब दोनो अधिकारी बोल रहे हैं कि भुगतान नहीं होगा।
जंगल विभाग की उदासीनता से क़रीब 10 हजार से ज्यादा बांस कट गए, वहीं 2 दर्जन क़रीब सरई की कीमती लकड़ी कट गयी जो रेस्ट हाउस के पास पड़ी थी लेकिन वो भी गायब है। घटिया निर्माण हो रहे हैं जिससे सैकड़ों पोल व जाली भी चोरी चली गयी है। सूचना के बाद भी कार्यवाही न होने से विभाग पर ही सवाल खड़े हो रहे हैं।
रमाशंकर द्विवेदी “छोटे”
टिकरी
बांस व सरई काटने की सूचना हमें मिली थी, जिसमें हमने प्रकरण भी पंजीबद्ध कर लिया है। बांस के लिए हमने डिप्टी रेंजर को निर्देशित किया है, एक बार फिर सारे मामले को दिखवा लेता हूँ।