कल सोमवार को जिला चिकित्सालय में संदिग्ध परिस्थिति में दिहाड़ी मजदूर की मौत को सिहावल एसडीएम ने गंभीरता से लेते हुए झोलाछाप क्लीनिक संचालकों पर की कार्यवाही करते हुए दो दुकानों को सील कर दिया है।
उल्लेखनीय है कि कल सोमवार को सिहावल क्षेत्र के ग्राम राजगढ़ हिनौती निवासी शिवम कुमार पिता अमरनाथ खरादी 22 वर्ष की संदिग्ध कोरोना लक्षणों के बीच मौत हो गई। इस मामले में सीधी जिले के स्वास्थ्य विभाग द्वारा मृतक युवक को कोरोनावायरस जैसे भयंकर महामारी का संदिग्ध बताया गया है।
मरने वाले युवक की अचानक एक हफ़्ते से तबीयत खराब होने के बावजूद गरीब परिवार के कारण उसे कहीं दूर उपचार हेतु नहीं ले जा सका था जिससे वो झोलाछाप डॉक्टरों से उपचार कराता रहा। कल हालत गंभीर होने के बाद उसे जिला अस्पताल ले जाया गया जहां उपचार से पहले ही उसकी मौत हो गई। प्रशासनिक अधिकारियों के निगरानी में मृतक के गृह ग्राम में ही उसका अंतिम संस्कार किया गया।
युवक की संदिग्ध लक्षणों के साथ मौत के मामले को लेकर उन झोलाछाप डॉक्टरों पर जिला कलेक्टर के आदेशानुसार सिहावल एसडीएम सुधीर कुमार बेक, तहसीलदार सिहावल माइकल तिर्की, एवं अमिलिया थाना पुलिस स्टाफ, पटवारियों सहित कार्रवाई करते हुए उन दो क्लीनिकों को सील कर क्लीनिक पर प्रतिबंध लगा दिया गया है जहां पर उस व्यक्ति का मृत्यु से पहले उपचार हुआ था। हालांकि प्रशासन की इस कार्यवाही के दौरान दोनों सैयद अली बनारसी, आसाम आयुर्वेदिक दवाखाना के क्लीनिक संचालक मौजूद नहीं मिले।
अब देखना दिलचस्प होगा कि इन अवैध क्लीनिक संचालको को होम कोरेनटाइन कर उन पर प्रशासनिक निगरानी रहती है या नहीं। वहीं इस कार्यवाही से राजगढ़ हिनौती क्षेत्रों में अन्य झोलाछाप क्लीनिक संचालकों में भी हड़कंप मचा है।