प्रदेश व्यापी कॉम्बिंग गस्त में अभियान के तहत सीधी पुलिस ने 119 आरोपियों को गिरफ्तार किया

सीधी धर्मेंद : सीधी पुलिस द्वारा लंबे समय से फरार चल रहे आरोपियों की गिरफ्तारी हेतु चलाए गए प्रदेश व्यापी कॉम्बिंग गस्त अभियान के तहत पुलिस अधीक्षक श्री मुकेश कुमार श्रीवास्तव तथा अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक सुश्री अंजुलता पटले के मार्गदर्शन एवं समस्त अनुविभाग के एसडीओपी के नेतृत्व में सीधी पुलिस ने हत्या/लूट/डकैती/मारपीट/आबकारी आदि जैसे विभिन्न अपराधों के प्रकरणों मे जो आरोपी माननीय न्यायालय के समक्ष उपास्थित नहीं हुए है उनके विरुद्ध माननीय न्यायालय द्वारा स्थाई /गिरफ्तारी वारंट जारी किया गया था। उक्त फरार आरोपीगण की गिरफ्तारी के हर संभव प्रयास किये गये लेकिन गिरफ्तारी नहीं हो पा रही थी। उक्त फ़रार चल रहे आरोपियो की गिरफ्तारी के लिए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक सीधी श्री मुकेश कुमार श्रीवास्तव के द्वारा पूर्व में इनाम उद्घोषणा की भी गई थी। बीते दिनांक 09.12.2022 की रात उपरोक्त कॉम्बिंग गश्त अभियान के तहत सीधी पुलिस ने 18 स्थाई वारंट एवम 101 गिरफ्तारी वारंट कुल 119 वारंट तमिल किए हैं। सभी गिरफ्तार किए गए आरोपियों को माननीय न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया गया है एवं भारतीय दंड विधान के 45 अन्य आरोपियों को नोटिस दी गई, साथ ही कॉम्बिंग गस्त के दौरान जिले भर में 37 एटीएम चेक किये गये , 55 गुंडा बदमाश एवं 39 निगरानी बदमाशों को चेक किया गया है । कॉम्बिंग गश्त हेतु जिले भर से 155 पुलिस बल के साथ जिले भर के समस्त थाना चौकियों से विभिन्न पार्टियां रवाना की गई थी। पुलिस अधीक्षक सीधी श्री मुकेश कुमार श्रीवास्तव ने कॉम्बिंग गस्त का जायजा लेने एवं आवश्यक दिशा निर्देश देने स्वयं रात्रि में जिले भर में गश्त किया एवम विभिन्न थाना चौकी पहुंच कर कॉम्बिंग गश्त की स्थिति का निरीक्षण किया परिणाम स्वरूप रात भर में पूरे जिले में 119 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया । प्रदेश व्यापी नाईट कॉम्बिंग आपरेशन का उद्देश्य था की एक साथ बहुत अधिक संख्या में शहर के प्रत्येक थाना क्षेत्र में कई पुलिस टीमों के द्वारा रेड करना, रेड करने के पूर्व वांछित अपराधियों की नाम पते के साथ ब्रीफिंग कर रेड करवाना, इसके परिणाम स्वरूप विभिन्न तरह के स्थायी / फरारी / गिरफ्तारी वारण्टियों की धर-पकड़ के साथ-साथ जिला बदर अपराधियों की औचक चैकिंग करना इसी के साथ- साथ थानों में लंबित गंभीर अपराधों के आरोपियों की तलाश करना। पूरे शहर में एक साथ इतनी अधिक संख्या में पुलिस कर्मियों की उपस्थिति से अपराधियों में खौफ तो उत्पन्न होता ही है, सामान्य जन में सुरक्षा का विश्वास उत्पन्न हो।
