मतदान के बाद ईवीएम को पेटी में बंद कर के उस पर उम्मीदवारो ने अपना ताला लगा कर चाभी रख ली अपने पास

सीधी धर्मेंद : 13 जुलाई को सीधी शहर के नगरी निकाय चुनाव को जिला प्रशासन ने निष्पक्ष और शांतिपूर्ण तरीके से पूरा करा लिया शहर के सभी 24 वार्डों में मतदाताओं ने मतदान में काफी उत्साह दिखाया और ईवीएम में मतदाताओं की किस्मत बंद कर दी मतदान खत्म होने के बाद वार्ड नंबर 13 में ईवीएम लॉक करने के दौरान मशीन लाक नहीं होने की वजह से वहां पर हड़कंप मच गया इस दौरान प्रत्याशी और पीठासीन दल काफी परेशान हुआ मामले की जानकारी वरिष्ठ अधिकारियों को भी दी गई उन्होंने मौके पर पहुंचकर मशीन लॉक करवाने की कोशिश की लेकिन नहीं हो सका जिसके बाद प्रत्याशियों और उनके पोलिंग एजेंटों से चर्चा के उपरांत यह फैसला किया गया कि ईवीएम को पेटी में बंद कर के उस पर उम्मीदवार अपना ताला लगा दे और चाबी अपने पास रख लें और मशीन को स्ट्रांग रूम में जमा करवा दिया जाए जिससे मतगणना के दिन उम्मीदवारों के द्वारा चाबी दिए जाने के बाद खोला जाएगा जिस पर सभी राजी हो गए और बकायदा ईवीएम को उसके बॉक्स में बंद करके कांग्रेस उम्मीदवार कुमुदिनी सिंह और एक अन्य उम्मीदवार ने अपने अपने ताले लगाए और उनकी चाबी अपने पास रख ली जिसके बाद पीठासीन अधिकारी अपने दल बल के साथ मशीन को स्ट्रांग रूम ले गए और चाभी को कांग्रेस उम्मीदवार कुमुदिनी सिंह और एक अन्य उम्मीदवार ने अपने पास रख ली।मतदान के बाद ईवीएम मशीन से मतदान के बाद प्रत्याशियों के द्वारा ताला लगाकर उसकी चाबी अपने पास रख लेने का इस तरह का पहला मामला सामने आया है लेकिन उम्मीदवारों की इस चालाकी को देखकर अब आने वाले चुनावों में भी अन्य उम्मीदवार इसकी नजीर देकर अपने लिए सुरक्षित जरिया तलाश कर लिए हैं जिससे ईवीएम मतगणना दिवस तक भले स्ट्रांग रूम में रहेगी लेकिन उसकी चाबी उनके हाथ में रहेगी इससे उनके मन में किसी तरह गड़बड़ी की कोई शंका नहीं होगी लेकिन सवाल यह है की जिला प्रशासन के इस तरीके को इजाद करने के बाद नई मुश्किल ना खड़ी हो जाए कि अब आने वाले सभी चुनावों में सभी ईवीएम को राजनीतिक दल और प्रत्याशी अपना ताला लगाकर चाबी अपने पास रखने की मांग करने लगे।
