कुकर्मी बाबा के सत्ताधीशों से संबंधों को लेकर जवाब कौन देगा कहा अजय सिंह राहुल ने


सीधी धर्मेंद : पूर्व नेता प्रतिपक्ष अजयसिंह ने एक विग्यप्ति जारी करके कहा कि अव्वल तो यह सार्वजनिक किया जाये कि जिला प्रशासन द्वारा सत्ता में बैठे किस उच्च स्तरीय व्यक्ति के इशारे पर बाबा को सर्किट हाउस में कमरा आवंटित किया गया? सीएम ने जांच के आदेश तो दे दिये हैं लेकिन बाबा के बड़े सत्ताधीशों से संबंधों के चलते जांच के पहले ही उसकी निष्पक्षता पर संदेह के बादल घिर गए हैं यदि सरकार वाकई जांच चाहती है तो फिर किसी गैर भाजपा राज्य के पुलिस और न्यायिक अधिकारियों से जांच कराई जाये सिंह ने मुख्यमंत्री को शांतिपूर्वक अपनी बात कहने जा रहे रीवा के तमाम कांग्रेसी नेताओं की गिरफ्तारी की निंदा की है| उन्होंने कहा कि प्रजातंत्र में अपनी अपनी बात रखने का सबको हक है| बड़ी बड़ी बातें करने वाले सीएम ने उनकी बात सुनना तो दूर, उनसे मिलना भी मुनासिब नहीं समझा| बाबा के संबंधों के चलते क्या शिवराजसिंह जनता की बात सुनने के लिए भी डर गए, जबकि वे कल रीवा में ही थे| रीवा में महिलाओं ने भी अपना विरोध प्रकट किया। अजयसिंह ने कहा कि भाजपा धर्म की आड़ में लोगों को भ्रमित करती है| लोगों को बांटने और वैमनस्य फैलाने का काम करती है| इसी के चलते सीताराम जैसे व्याभिचारी बाबा पलते हैं और एक व्यक्ति के कृत्य से पूरे संत समाज की छवि धूमिल होती है| अच्छे लोगों के प्रति भी जनता का विश्वास कम होता है| उन्होंने मुख्यमंत्री शिवराज सिंह से व्यक्तिगत रुचि लेकर पूरी निडरता के साथ निष्पक्ष जांच की मांग की है ताकि दूध का दूध और पानी पानी को सके और सत्य जनता के सामने आ सके| साथ ही उन्होंने बाबा के खिलाफ अभियोजन फास्ट ट्रेक कोर्ट में चलाये जाने की मांग भी की है।
