प्रमुख सचिव स्वास्थ्य सेवाएं ने दिया कार्यवाही का आश्वासन
आर.बी.सिंह राज
प्रदेश के मुखिया शिवराज सिंह चौहान स्वास्थ्य व्यवस्था बनाने को लेकर रोज प्रेस कॉन्फ्रेंस कर बड़े-बड़े दावे करते हैं लेकिन कोरोना काल में भी भारी लापरवाही बनी हुई है जिसका खामियाजा जनता को भुगतना पड़ सकता है।
जिला मुख्यालय के मधुरी के क्वॉरेंटाइन सेंटर के पास सड़क के किनारे पीपीई किट पड़ा हुआ मिला जो स्वास्थ्य विभाग की गंभीर लापरवाही दर्शाता है क्योंकि यहां आने जाने वाले ग्रामीणों से लेकर जानवर तक बगल से गुजरते हैं। नियमानुसार पीपीई किट को एक बार पहनने के बाद इसको डिस्पोज किया जाता है लेकिन स्वास्थ्यकर्मियों ने लापरवाही बरतते हुए खुले में ही फेंक दिया है। जहां संक्रमण फैलने का खतरा कई गुना बढ़ सकता है।
इस मामले की जानकारी जब स्टार समाचार में प्रमुख सचिव स्वास्थ्य सेवाएं मध्यप्रदेश शासन को दी तो उन्होंने भी इस पूरे मामले पर आश्चर्य व्यक्त किया व इस लापरवाही पर कठोर कार्यवाही का आश्वासन दिया है।
लापरवाही के कारण संक्रमण का खतरा
कोरोनावायरस की मरीजों को लेकर सीधी स्वास्थ्य विभाग की बड़ा लापरवाही सामने आयी है कोरोनावायरस के तीन पेशेंट को होम आइसोलेशन की सलाह दी गई है। पूरा मामला सीधी के आइसोलेशन वार्ड का है। जिला पंचायत के पीछे रहने वाले कोरोनावायरस पॉजिटिव मरीज 13 तारीख को पॉजिटिव पाए गए जहां सीधी आइसोलेशन वार्ड में भर्ती किया गया था। मरीज को 17 तारीख को दूसरी जांच रिपोर्ट के बिना आए ही छोड़ दिया गया। प्राप्त जानकारी के अनुसार जांच सेंपलिंग कराकर प्रथम रिपोर्ट पॉजिटिव आई और 4 दिन के बाद जिला स्वास्थ्य विभाग सीधी द्वारा बिना रिपोर्ट प्राप्त किए ही छुट्टी कर दी गई। वहीं 20 जुलाई को इनकी दूसरी रिपोर्ट भी पाजटिव आई है। इस प्रकार स्वास्थ्य विभाग के आला अधिकारियों द्वारा की गई लापरवाही एवं गंभीर अनियमितता के कारण कोरोनावायरस जैसे गंभीर बीमारी के संक्रमण का खतरा बढ़ गया है जिसके कारण पूरे जिले में हड़कंप मचा हुआ है।