कोरोना की जंग में महिला सामाजिक कार्यकर्ताओं का जज्बा सराहनीय

सीधी
सीधी जिले में कोरोना वायरस की जंग में कुछ ऐसी भी समाजसेवी महिलाएं सामने आई हैं जिन्होंने अपनी परवाह ना करते हुए उन अपनों के लिये जो समाज में पीड़ित और उपेक्षित हैं साथ ही प्रशासन के फ़्रंट लाईन फाईटर डॉक्टर और पुलिस को सुरक्षित करने के लिये अपनी सैलरी से 10 हजार से अधिक मास्क नि:शुल्क वितरित कर दिये।
ऐसी ही एक महिला सामाजिक कार्यकर्ता हैं राधा पांडे जिन्होंने निस्वार्थ भाव से अब तक अपना जज्बा समाज के सामने पेश किया है उनके इस काम में सुधा सिंह और एक मुस्लिम परिवार की माँ बेटी ने विशेष योगदान दिया जो मास्क सिलाई में सहयोग करती हैं।
बेहद सामान्य परिवार की महिला होने के बावजूद राधा पांडे सामाजिक कार्यों के प्रति अपने हौसले और समाज के प्रति सम्वेदना के चलते आर्थिक संसाधनो के आभाव के बावजूद भी कोरंटाइन किये गये बाहर से आये व्यक्तियों को दवाई पिलाने के साथ-साथ खुद के पैसे से मास्क एवं साबुन वितरित कर उन्हे बार-बार हाथ धोने की प्रेरणा देती हैं।
समाजसेवी राधा पांडे 23 मार्च से सतत कार्य करती हुई नगरीय क्षेत्र के साथ-साथ ग्रामीण क्षेत्रों में किसानों के बीच मास्क उपलब्ध कराने के संकल्प को लेकर 10 ग्रामों में अब तक मास्क वितरित कर चुकी हैं।दीवार लेखन के साथ-साथ विभिन्न जन जागरूकता अभियानों में लगातार सक्रिय रहने वाली कार्यकर्ता राधा पांडेय महिला सशक्तिकरण की मिशाल बन कर उभरी हैं जो कोरोना के जंग में अपने जिले सीधी को बचाने के लिये अपने कर्तव्य का पालन कर रही हैं।
